भादों की बरसात – मोनिका डागा

हरितिमा बिखरी चहुँओर,
पंछी कर रहे मधुरिम शोर,
मौसम हुआ कितना सुहाना,
दीवाना दिल हुआ मस्ताना,
बूँदों ने छेड़ी मन की बात,
आई देख भादों की बरसात ।

लुका छुप्पी कर रहा है सूरज,
पथिक रख तू थोड़ा सा धीरज,
देख प्रकृति का सुंदर ये नज़ारा,
भरा प्यासी नदियों का किनारा,
ऋतु बर्षा की ये मीठी सौगात,
आई देख भादों की बरसात ।

जोर हुआ बरखा का पावन,
बीता सुंदर मनभावन सावन,
कण-कण वसुंधरा का सींचा,
मदमाया खेत खलिहान बगीचा,
मुस्काऍं तरू नवल हरित पात,
आई देख भादों की बरसात ।

अमृत बूँदों में है कुछ खास,
भरा आत्म “आनंद” उल्लास,
प्रकृति ने नेह सरस बरसाया,
जिंदगी ने सबको आजमाया,
छोड़ फिक्र गम के जज़्बात,
आई देख भादों की बरसात ।


–  मोनिका डागा  “आनंद”, चेन्नई, तमिलनाडु

About Author

यह भी देखें  भोजपुरी गीत- कहबू त करेजा काढ़ी

Leave a Reply



🐄 गौ सेवा, प्रभु सेवा 🐄
जय श्री कृष्ण! जय गौमाता! 🙏

साथियों,
VMW TEAM FOUNDATION का यह अटूट संकल्प है कि हर महीने के अंतिम रविवार को हम अपनी गौमाताओं की सेवा के लिए एकत्रित हों। इसी कड़ी में, इस रविवार को हम गौशाला में हरे चारे की विशेष व्यवस्था कर रहे हैं।
गाय हमारी संस्कृति और आस्था का केंद्र है। उनकी सेवा से मिलने वाला संतोष और पुण्य अतुलनीय है।
🚩हम आप सभी धर्मप्रेमियों से तन, मन और धन से सहयोग की अपील करते हैं। आप अपनी सामर्थ्य अनुसार इस पुनीत कार्य में सहभागी बनें*

आइए, मिलकर पुण्य के इस कार्य को सफल बनाएं।

You may have missed

error: Content is protected !!