यूपी के 50 जिलों में बारिश का अलर्ट: 42.2°C के साथ वाराणसी सबसे गर्म
मौसम विभाग के अनुसार, बांदा, चित्रकूट, कौशांबी, प्रयागराज, फतेहपुर, प्रतापगढ़, सोनभद्र, मिर्जापुर, चंदौली, वाराणसी, जौनपुर, गाजीपुर, आजमगढ़, मऊ, बलिया, देवरिया, गोरखपुर, संत कबीर नगर, बस्ती, कुशीनगर, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, मेरठ, बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, हरदोई, फर्रुखाबाद, कन्नौज, कानपुर देहात, कानपुर नगर, उन्नाव, रायबरेली, लखनऊ, झांसी, जालौन, हमीरपुर, महोबा, ललितपुर, गौतमबुद्ध नगर, गाजियाबाद, बुलंदशहर, आगरा, फिरोजाबाद, मथुरा और अलीगढ़ में अगले 24 घंटों में बारिश और तेज हवाओं की संभावना है। इन जिलों में बिजली गिरने की भी आशंका जताई गई है, जिसके लिए लोगों से सतर्क रहने की अपील की गई है।
प्रयागराज, बस्ती, कानपुर और बहराइच जैसे शहरों में भी तापमान 41-42 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा, जिससे आम जनजीवन प्रभावित हुआ। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अगले 3-4 दिनों में तापमान में 5-6 डिग्री की गिरावट संभव है, लेकिन 14 मई से शुरू होने वाली लू के कारण अधिकतम तापमान 43-45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। खासकर पूर्वी उत्तर प्रदेश और तराई क्षेत्रों में गर्म हवाओं का प्रभाव ज्यादा रहेगा। मौसम विभाग ने सलाह दी है कि लोग दोपहर के समय घर से बाहर निकलने से बचें और पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें। किसानों को भी सुझाव दिया गया है कि वे फसलों को तेज हवाओं और बारिश से बचाने के लिए जरूरी कदम उठाएं। 16 मई से पूर्वी उत्तर प्रदेश में हल्की बारिश की संभावना है, जो गर्मी से कुछ राहत दे सकती है। उत्तर प्रदेश में मई की शुरुआत बारिश के साथ हुई थी, जिससे तापमान में कमी आई थी। हालांकि, अब सूरज की तपिश और शुष्क मौसम फिर से लोगों को परेशान कर रहा है। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले पांच दिनों में तापमान 3-4 डिग्री और बढ़ सकता है, जिसके बाद बारिश का एक नया दौर शुरू हो सकता है।