-भाई अबु बात कर रहा हूँ ,प्रगति मैदान पहुंच

– अस्सलामालेकुम भाई जान, कैसे हो?

-वलेकुम अस्सलाम रफीक , जल्दी आ

– क्या हो गया भाई जान, बहुत जल्दी में हो सब ठीक तो है।

– सुन 1 घंटे के 500 मिलेंगे जल्दी आ

– करना क्या है भाई जान ये तो बताइए

– कुछ नहीं नारेबाजी कर लेंगे, थोड़े पत्थर वत्थर फेंक लेंगे 500 का काम हो जाएगा

-लेकिन क्यों, माजरा तो बताइए

– अरे वो नामुराद सरकार ने जो बिल लाया है,हमारी कौम को बाहर निकालने की साजिश है

– अच्छा अबु भाई ऐसी बात है? फिर तो अपने कौम का मसला है इसमें पैसे की क्या बात है? इंशाअल्लाह जान लड़ा देंगे

– हाँ हाँ ठीक है पर सुन…थोड़ा बहुत CAA NRC और CAB पे फुल नाम वाम पढ़ लेना , मीडिया वाले पूछ वुछ रहे न, बेइज्जती कर रहे चैनल पर

– ठीक है भाई जान

(रफीक गूगल खोलता है और पूरा नाम जान कर बन्द करने वाला ही होता है तब तक उसकी नजर एक लिंक पर टिक जाती है जिसमें नागरिकता संशोधन एक्ट पर बताया गया है, वह उसे खोल कर पढ़ने लगता है, फिर गहराई में जाने लगता है , यूट्यूब पर तमाम वीडियोस देखता है…और एक ठंडी आह भर के अपनी पंचर की दुकान में लेट जाता है )

-हेलो रफीक भाई क्या हुआ

– भाई जान आप जाओ मेरी तबियत कुछ नासाज लग रही है

-क्या हो गया भाई जान

– अबे तू भाई बनता है मेरा तो मेरे धंधे में कुछ मदद दिला दे , तेरे तो बहुत पहचान वाले हैं मेरे बेटे का दाखिला अच्छे स्कूल में दिला दे.. ये घुसपैठियों और शरणार्थियों के लिए बने कानून पर हमारी जान क्यों फांस रहा है…तू अपनी राजनीति की रोटियां तो सेंक लें रहा ,सोच हम जैसे लोगों का क्या होगा…उन बच्चों का क्या होगा जिनपे तेरी वजह से कानून की धाराएं लग गईं …केवल तुम जैसे लोगों की वजह से ही आज का मुसलमान वोट बैंक बन के रह गया है..साले तू तो अपने ही कौम का दुश्मन है।

यह भी देखें  Special Report - What is Citizenship Amendment Bill ?

बीप बीप.….बीप फोन कट जाता है ।

 

 

About Author

Leave a Reply

error: Content is protected !!