एक्शन में लार पुलिस-10 पर गुंडा एक्ट
देवरिया। लार पुलिस एक्शन में है। मुकामी थाना क्षेत्र के चुरिया व टोला के ग्रामीणों का विवाद बढ़ता देख पुलिस ने कड़े कार्रवाई शुरू की। हालांकि बलबा के जिस केस को चुरिया के पशुपति सिंह ने लिखाया उसके एक भी आरोपी को पुलिस अभी तक गिरफ्तार नहीं कर सकी है।
पुलिस ने चुरिया के पांच व टोला के पांच लोगों पर गुंडा एक्ट की कार्रवाई की है। इसमें एक पक्ष से ज्वाला यादव व दूसरे पक्ष के ऋषिकेश सिंह प्रमुख हैं। गॉव में तनाव है। दो बदमाश लोगों का विवाद बढ़कर यादव बनाम राजपूत होने की राह पर है। पुलिस ने पूर्व में जो निरोधात्मक कार्रवाई हुई थी उसमे पाबन्दी के बाद मारपीट होने की वजह से पूर्व में चालान किये गए 30 लोगों से पाबन्दी की एक-एक लाख की रकम वसूल करने के लिए 122 की रिपोर्ट भेज दी है। दोनों गावों के 50 लोगों पर सीआरपीसी की धारा 110 जी के तहत भी कार्रवाई की गयी है।
टोला का ज्वाला यादव अवैध शराब बनाता और सप्लाई करता है। कुछ दिन पूर्व उसका कोयला लेकर एक युवक सायकिल से जा रहा था तो चुरिया के लोगों ने उसे रास्ते में रोककर मारे पीटे और वीडियो बनाकर वायरल किये। इस घटना के बाद यादव वर्ग के लोग ज्वाला के पक्ष में संगठित होने लगे। इधर गॉव में अवैध शराब के कारोबार का विरोध करने के लिए राजपूत वर्ग लोग भी संगठित होने लगे। इसी बात को लेकर कई बार एक दूसरे पक्ष के लोगों को रास्ते में घेर कर मारने पीटने की घटनाये भी कई बार हुयी। इसी क्रम में जब जनता कर्फ्यू में सभी लोग अपने घरों में कैद रहे तो एक व्यक्ति के क्रियाकर्म में स्नान करने गए चुरिया के तीन युवकों ने बाइक से खीच लिया। इस घटना में जयंत सिंह नामक युवक को चोट आ गयी। जब इसकी सूचना चुरिया गॉव के लोगों को हुयी तो वे टोला पर देखने गए। इस बीच 35-40लोग उनपर ईंट पत्थर , लाठी डंडा लेकर टूट पड़े। इस घटना में पशुपति सिंह, अशोक सिंह, संजय सिंह, बलबीर सिंह व अविनाश सिंह घायल हो गए। सुचना पर पहुंची पुलिस उन्हें सीएचसी लार ले जाकर इलाज कराये। इस मामले में पशुपति सिंह की तहरीर पर 38 नामजद लोगों के विरुद्ध लार पुलिस ने बलबा का केस दर्ज किया है। हास्यास्पद बात यह है कि पुलिस अभी तक किसी एक आरोपित को गिरफ्तार नहीं कर सकी है।