महेश जोशी को पत्नी के निधन के बाद अंतरिम जमानत: 900 करोड़ के JJM घोटाले में ED ने किया था गिरफ्तार

जयपुर, 28 अप्रैल 2025 – राजस्थान के पूर्व जलदाय मंत्री और कांग्रेस नेता महेश जोशी को उनकी पत्नी कौशल जोशी के निधन के बाद PMLA विशेष अदालत ने 4 दिन की अंतरिम जमानत मंजूर की है। जोशी को जल जीवन मारी थी। जोशी को जल जीवन मिशन (JJM) में कथित 900 करोड़ रुपये के घोटाले के सिलसिले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 24 अप्रैल 2025 को गिरफ्तार किया था।

कौशल जोशी जयपुर के मणिपाल अस्पताल में भर्ती थीं और 28 अप्रैल को सुबह उनका निधन हो गया। उनकी हालत पिछले 15 दिनों से गंभीर थी। जोशी की रिमांड अवधि 28 अप्रैल को समाप्त हो रही थी। ED ने उन्हें PMLA कोर्ट में पेश किया, जहां उनके वकील ने पत्नी के निधन के आधार पर अंतरिम जमानत की अर्जी दी। कोर्ट ने 4 दिन (28 अप्रैल से 1 मई तक) की जमानत मंजूर की। जोशी को घर का खाना और दवाइयां लेने की अनुमति दी गई है। गंभीर हालत में वे पत्नी से मिलने के लिए एक घंटे के लिए जा सकते थे, लेकिन निधन के बाद यह प्रासंगिक नहीं रहा।

जोशी पर आरोप है कि उनके कार्यकाल में जलदाय विभाग (PHED) में फर्जी अनुभव प्रमाणपत्रों के आधार पर श्री श्याम ट्यूबवेल और गणपति ट्यूबवेल कंपनियों को 859.2 करोड़ और 120.25 करोड़ रुपये के टेंडर दिए गए। ED का दावा है कि जोशी ने अपने करीबी संजय बड़ाया के साथ मिलकर 2-3% कमीशन लिया। अगस्त 2021 में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने घोटाले का खुलासा किया, जिसके बाद ED और CBI ने जांच शुरू की। ED ने जोशी, ठेकेदारों पदमचंद जैन, महेश मित्तल, और बड़ाया सहित कई लोगों को गिरफ्तार किया। 24 अप्रैल को 8 घंटे की पूछताछ के बाद जोशी को गिरफ्तार किया गया। कोर्ट ने उन्हें 28 अप्रैल तक 4 दिन की ED रिमांड पर भेजा था।

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पूर्व CM अशोक गहलोत ने जोशी की गिरफ्तारी को “राजनीतिक प्रतिशोध” करार दिया, विशेष रूप से उनकी पत्नी की गंभीर हालत के समय को असंवेदनशील बताया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इसे BJP की “बदले की कार्रवाई” बताया। गिरफ्तारी से पहले जोशी ने कहा, “मैंने कोई अनियमितता नहीं की, न ही किसी से पैसे लिए। मुझे कानून पर भरोसा है, और मुझे न्याय मिलेगा।”

जोशी को 2 मई 2025 को फिर से कोर्ट में पेश किया जाएगा। ED का कहना है कि जांच में और बड़े खुलासे हो सकते हैं, क्योंकि घोटाले में कई अधिकारियों और ठेकेदारों की भूमिका सामने आई है।

The Newswala की ओर से यह खबर राजस्थान की सियासत में उथल-पुथल और जांच एजेंसियों की सक्रियता को दर्शाती है। ताजा अपडेट्स के लिए बने रहें।

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