नई दिल्ली। देशभर में गुरुवार, 29 अक्टूबर को करवा चौथ का पर्व मनाया जा रहा है। इस बीच कई राज्यों में मौसम में बदलाव देखने को मिल रहा है। बारिश और बादलों की संभावना ने व्रत रखने वाली महिलाओं की चिंता बढ़ा दी है। दिनभर निर्जला व्रत रखने के बाद महिलाओं को शाम को चंद्रमा के दर्शन और पूजा के साथ व्रत खोलने का इंतजार रहेगा।
दिल्ली-NCR से यूपी तक मौसम का असर
मौसम पूर्वानुमान के मुताबिक, दिल्ली-एनसीआर में गुरुवार को आसमान में बादल छाए रहने और हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। गरज-चमक के साथ तेज हवाएं भी चल सकती हैं। ऐसे में शाम के समय चंद्रमा के दर्शन में परेशानी आ सकती है।
उत्तर प्रदेश, बिहार और झारखंड के कुछ हिस्सों में भी बारिश या बूंदाबांदी की संभावना जताई गई है। पंजाब और हरियाणा में भी मौसम प्रभावित हो सकता है। हालांकि, पूरे राज्य में एक जैसी स्थिति रहने की संभावना नहीं है। स्थानीय मौसम के अनुसार आसमान साफ रहने या बादलों से ढके रहने की स्थिति अलग-अलग हो सकती है।
चक्रवात कमजोर, फिर भी मौसम में उतार-चढ़ाव
मौसम संबंधी रिपोर्टों के अनुसार, बंगाल की खाड़ी से उठा चक्रवात ‘अर्नब’ कमजोर होकर कम दबाव के क्षेत्र में बदल गया है। इसके प्रभाव और पश्चिमी विक्षोभ से उत्तर भारत के कुछ इलाकों में बारिश, बादल और तेज हवाओं की स्थिति बन सकती है। मौसम के इस बदलाव का असर करवा चौथ की शाम के चंद्र दर्शन पर भी पड़ सकता है।
चांद निकलने का रहेगा इंतजार
करवा चौथ पर सुहागिन महिलाएं पति की लंबी उम्र और सुखी दांपत्य जीवन की कामना के साथ व्रत रखती हैं। शाम को पूजा-अर्चना के बाद चंद्रमा को अर्घ्य देकर व्रत खोलने की परंपरा है। ऐसे में बादल छाए रहने पर महिलाओं को चांद दिखाई देने के लिए कुछ समय इंतजार करना पड़ सकता है।
मौसम विशेषज्ञों की सलाह है कि घर से बाहर निकलने से पहले अपने शहर का ताजा मौसम पूर्वानुमान देख लें। बारिश या तेज हवाओं की स्थिति में सावधानी बरतें। चंद्रोदय का समय भी शहर के अनुसार अलग-अलग हो सकता है।